लखनऊ : उत्तर प्रदेश में आगामी विधानसभा चुनाव को ध्यान में रखते हुए भारत निर्वाचन आयोग (ECI) ने मतदाता सूची को पूरी तरह सटीक और समावेशी बनाने के लिए कमर कस ली है। इसी कड़ी में, राज्य के मुख्य निर्वाचन अधिकारी (CEO) नवदीप रिणवा ने एक महत्वपूर्ण घोषणा करते हुए बताया कि प्रदेश भर के सभी 75 जिलों में आगामी 17 अक्तूबर और 24 अक्तूबर को विशेष मतदाता पंजीकरण कैंपों का आयोजन किया जाएगा। इस अभियान का मुख्य उद्देश्य उन सभी पात्र नागरिकों और पहली बार मतदाता बनने जा रहे युवाओं को जोड़ना है, जो किन्हीं कारणों से अब तक मतदाता सूची में अपना नाम दर्ज नहीं करा पाए हैं।
अधिकारियों से मिली जानकारी के अनुसार, इन दोनों तय तारीखों पर प्रदेश के सभी लगभग 1.77 लाख बूथों पर विशेष शिविर लगाए जाएंगे। इन कैंपों का समय सुबह 10:00 बजे से शाम 4:00 बजे तक निर्धारित किया गया है, जहां बूथ लेवल अधिकारी (BLO) अनिवार्य रूप से उपस्थित रहेंगे। नागरिकों की सहायता के लिए हर एक मतदान केंद्र पर एक विशेष ‘हेल्प डेस्क’ बनाई जाएगी, जो लोगों को आवेदन प्रक्रिया समझने में मदद करेगी।
मतदाता सूची में अपना नाम शामिल करवाने के इच्छुक किसी भी पात्र नागरिक को कैंप में जाकर फॉर्म-6 भरना होगा। इसके साथ आवेदकों को अपनी एक नवीनतम पासपोर्ट साइज फोटो, जन्म तिथि का प्रमाण और अपने पते से संबंधित वैध दस्तावेज (जैसे आधार कार्ड, बिजली बिल आदि) जमा करने होंगे।
इस महाभियान को पारदर्शी और त्रुटिहीन बनाने के लिए प्रशासन ने सख्त रुख अपनाया है। मुख्य निर्वाचन अधिकारी ने स्पष्ट किया है कि जिला निर्वाचन अधिकारी (DEO), उप जिला निर्वाचन अधिकारी और निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारी (ERO) स्वयं इन विशेष कैंपों के दौरान विभिन्न बूथों का औचक भ्रमण कर व्यवस्थाओं का जायजा लेंगे।
बीएलओ को सभी प्राप्त आवेदनों का रिकॉर्ड सुरक्षित रखने के निर्देश दिए गए हैं ताकि निरीक्षण के समय वरिष्ठ अधिकारियों के सामने विवरण तुरंत प्रस्तुत किया जा सके।
निर्वाचन कार्यालय ने जनता से अपील की है कि वे 17 और 24 अक्तूबर को अपने नजदीकी मतदेय स्थल पर पहुंचकर मतदाता सूची में अपना नाम अवश्य जांचें और लोकतंत्र के इस बुनियादी अधिकार को सुनिश्चित करने के लिए अपना पंजीकरण अवश्य कराएं।